बीजेपी नेता और केंद्रीय मंत्री अनंत कुमार के जीवन का सूरज कैंसर जैसी गंभीर बिमारी से लड़ते हुए अस्त हो गया । अनंत कुमार बीते कुछ महीनों से ज्यादा ही बीमार चरल रह थे अनंत कमार ने 59 साल की उम्र में बेंगलुरु में अंतिम सांस ली. अनंत कुमार कर्नाटक के बेंगलुरु साउथ से सांसद थे और केंद्र सरकार में संसदीय कार्यमंत्री थे
सोमवार को एक बजकर 50 मिनट पर अनंत कुमार ने अंतिम सांस ली. अनंत कुमार के पार्थिव शरीर को सुबह 9 बजे के बाद बेंगलुरु के नेशनल कॉलेज ग्राउंड पर रखा जाएगा जहां लोग उन्हें श्रद्धांजलि दे सकेंगे । केंद्रीय गृह मंत्रालय ने पूरे देश में राष्ट्रध्वज को आधा झुकाने का निर्देश दिया है ।
अनंत कुमार के निधन पर शोक जताते हुए राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने कहा कि अनंत कुमार का निधन देश के सार्वजनिक जीवन में बहुत बड़ी क्षति है खासकर कर्नाटक के लोगों के लिए उनके परिवार, सहयोगी और अनंत शुभेच्छुओं को मेरी सांत्वना.anant kumar

प्रधानमंत्री मोदी ने ट्वीट कर अनंत कुमार के निधन पर शोक जताया है. उन्होंने लिखा कि अहम सहयोगी और दोस्त के निधन से दुखी हूं. अनंत कुमार के परिवार और समर्थकों के लिए संवेदनाएं. मोदी ने लिखा कि अनंत कुमार ने कर्नाटक में पार्टी को मजबूत किया..
इमरजेंसी के समय अनंत कुमार ने इंदिरा गांधी सरकार के खिलाफ मोर्चा खोला था। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के तमाम छात्रों के साथ वो भी जेल गए थे। उन्हें तब करीब 30 दिन जेल में रहना पड़ा था । 1987 में वो भारतीय जनता पार्टी से जुड़े । कर्नाटक में बीजेपी के उदय में अनंत कुमार का बड़ा योगदान रहा है 1998 में अटल बिहारी वाजपेयी सरकार के समय वो सबसे कम उम्र में केंद्रीय मंत्री बने थे। अनंत कुमार सिविल एविएशन, टूरिज्म, स्पोर्ट्स, यूथ अफेयर एंड कल्चर, अर्बन डेवलपमेंट और पोवर्टी एलिविएशन मिनिस्टर थे । 1996, 1998, 1999, 2004, 2009 और 2014 में बेंगलूरु साउथ से लगातार उन्होने 6 बार जीत हासिल की।
अनंत कुमार अपने पीछे पत्नी डॉ. तेजस्विनी और दो बेटियां ऐश्वर्या और विजेता को छोड़ कर गए है ।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here